बाबा भोलेनाथ शंकर राखो , चरणों के पास।
तो मैं नहाऊं सो बार।
शिव तो मिले निर्मल हृदय से ,
प्यारे मन का मैल उत्तार।
ॐ नमो शिवाय ॐ नमो शिवाय।।
बाबा भोले शंकर राखो ,
चरणों के पास ,
बाबा भोले शंकर राखो ,
चरणों के पास ,
चरणों के पास राखो ,
चरणों के पास ,
बाबा भोले शंकर राखो,
चरणों के पास।।
तेरी भक्ति का पहना है ,
मैंने जब से गहना ,
तेरी भक्ति का पहना है ,
मैंने जब से गहना ,
हर उद्देश्य मेरे जीवन का ,
तेरी शरण में रहना ,
हर उद्देश्य मेरे जीवन का ,
तेरी शरण में रहना ,
प्रभु तेरी शरण में रहना ,
राखों चरणों के पास ,
बाबा भोले शंकर राखो ,
चरणों के पास।
मन अँधियारा दूर हुआ ,
जब ज्योत भी जगी श्रदा की ,
कभी न बुझने देना भगवान ,
जोत मेरी आशा की ,
जोत मेरी आशा की राखो ,
चरणों के पास ,
बाबा भोले शंकर राखो ,
चरणों के पास।
अंदर तू है बाहर तू है,
है तू ही तन मन में ,
अंदर तू है बाहर तू है,
है तू ही तन मन में ,
जब जब देखूं तुझ को देखूं,
पाऊँ तुम्हे कण - कण में ,
अब जब देखूं तुझ को देखूं ,
पाऊँ तुम्हे कण - कण में ,
पाये तुम्हे कण -कण में ,
राखो चरणों के पास ,
बाबा भोले शंकर राखो ,
चरणों के पास।
गंगा जिस से निकली ,
दे दो उसी जटा की छाया ,
चरण धूल से कर दो स्वामी ,
कुंदन मेरी काया ,
प्रभु कुंदन मेरी काया ,
राखों चरणों के पास ,
बाबा भोलेनाथ शंकर राखो ,
चरणों के पास ,
बाबा भोलेनाथ शंकर राखो ,
चरणों के पास।।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें