TERE DAMRU KI DHUN
तेरे डमरू की धुन
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ ,
मेरे भोले ओ बम भोले मैं काशी नगरी आई हूँ ,
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ।
सुना है हमने ओ भोले तेरी काशी में मुक्ति है ,
उसी गंगा में नहाने को मैं काशी नगरी आयी हूँ ,
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ।
सुना है हमने ओ भोले तेरी काशी में गंगा है ,
उसी गंगा को पाने को मैं काशी नगरी आई हूँ ,
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ।
सुना है हमने ओ भोले तेरी काशी में मंदिर है ,
उसी मंदिर में पूजा को मैं काशी नगरी आई हूँ ,
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ।
तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूँ।
जय भोले बाबा जी की।
हर हर महादेव।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें